आगामी तिथियाँ
शुक्रवार · 6 नवंबर 2026कार्तिक कृष्ण त्रयोदशी
समय मुख्यतः दिल्ली एवं राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र संदर्भ पर आधारित है। अपने नगर के स्थानीय पंचांग से अंतिम समय जाँचें।
यह व्रत या पर्व क्या है?
दीपावली पर्वमाला का आरंभ, धन्वंतरि, लक्ष्मी और यमदीप से जुड़ी परंपराएँ।
शुरुआत और परंपरा
समुद्र मंथन से धन्वंतरि के प्रकट होने का पुराणिक प्रसंग लोकप्रिय है।
कथा
धन्वंतरि अमृत-कलश के साथ प्रकट होते हैं; स्वास्थ्य-संस्कृति और आरोग्य का भाव इससे जुड़ा है।
भाव और महत्व
स्वास्थ्य, संसाधनों की जिम्मेदारी और प्रकाश।
घर में सरल विधि
दीप, धन्वंतरि/लक्ष्मी स्मरण, घर की स्वच्छता; खरीदारी धार्मिक अनिवार्यता नहीं।
व्रत, भोजन और पारण
उपवास आवश्यक नहीं।
स्वास्थ्य संबंधी स्थिति, गर्भावस्था, आयु, दवाइयों या चिकित्सकीय आवश्यकता में कठोर उपवास न करें। भक्ति को शरीर को नुकसान पहुँचाने की परीक्षा न बनाएं।
मंत्र / पाठ
ॐ धन्वंतरये नमः।
क्षेत्रीय अंतर
व्यापारिक/क्षेत्रीय रीति अलग।